समस्तीपुर शहर में नल जल योजना की हालत बहुत ही खराब है। कहीं नल जल योजना में टोटी नहीं है तो कहीं पाइप में लीकेज है, जिससे हर दिन हजारों लीटर पानी बर्बाद होता है। समस्तीपुर नगर निगम क्षेत्र में बहादुरपुर, गोला रोड, बड़ी दुर्गा स्थान, बंगाली टोला इत्यादि कई जगहों पर नल जल से हजारों लीटर पानी हर महीने सड़कों पर बर्बाद होता है। इसे न तो कोई देखने वाला है और न ही इसे कोई ठीक करने वाला है।
एक ओर जहां नल जल योजना के मानकों का पालन नहीं किया गया, जिसके कारण कम गहराई में पाइप लगाने से पाइप जगह-जगह से फट गए हैं, वहीं जगह-जगह टोटियां भी खराब हो चुकी हैं। शहर के सबसे पॉश इलाकों में से एक बहादुरपुर, बंगाली टोला, पुरानी दुर्गा स्थान, गोला रोड आदि पर कई जगह नल जल का पानी बहता दिख रहा है।

वहीं, इसको लेकर जिम्मेदार बिहार सरकार की एजेंसी बुडको को इससे कोई मतलब नहीं है। साल 2021 में नगर परिषद ने 19 करोड़ रुपए में से 18 करोड़ का भुगतान बुडको को किया था। इसके मेंटेनेंस के लिए भी बुडको को फंड मिलता है, लेकिन अभी तक देखने से प्रतीत होता है कि किसी भी क्षेत्र में मेंटेनेंस का कोई काम नहीं किया गया है।

बताया गया है कि नगर निगम समस्तीपुर की ओर से बुडको को तीन बार रिमाइंडर पत्र भी भेजा जा चुका है, फिर भी इस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई है। बीते साल 20 अगस्त 2024 को उस समय के जिलाधिकारी योगेंद्र सिंह ने नगर निगम क्षेत्र में नल जल योजना की समीक्षा की थी। उन्होंने कहा था कि 15,000 घर अभी भी नल जल योजना से वंचित हैं। नगर निगम क्षेत्र में 58,535 घरों में नल जल योजना पहुंचानी थी, लेकिन फिलहाल 43,498 घरों तक ही नल जल योजना पहुंच पाई है।

डीएम ने कहा था कि शेष 15,000 से अधिक घरों में जल्द से जल्द योजना का लाभ पहुंचाया जाना चाहिए। साथ ही उन्होंने एजेंसी बुडको द्वारा बरती जा रही लापरवाही पर भी नाराजगी जताई थी। छह महीने से अधिक समय बीत जाने के बाद भी आज समस्तीपुर शहर में नल जल योजना की हालत पहले से बेहतर होती नहीं दिख रही है।





