बिहार में 15 एयरपोर्ट बनाने की तैयारी में सरकार जुट गई है। दरअसल, बिहार में हवाई सेवा को मजबूत तरीके से विकसित करने के लिए नीतीश सरकार 15 एयरपोर्ट बनाने की योजना पर काम कर रही है। इस साल बजट में सरकार ने 11,500 करोड़ रुपए हवाई अड्डों को विकसित करने के लिए रखा है।
बिहार सरकार की महत्वाकांक्षी योजना पर काम चल रहा है, जिसमें राजधानी पटना के अलावा गया और दरभंगा में एयरपोर्ट हैं, जहां लोग फ्लाइट पकड़ सकते हैं। दरभंगा और गया से फ्लाइट सेवा सीमित शहरों के लिए ही है, जबकि पटना से देश के ज्यादातर बड़े एयरपोर्ट सीधी फ्लाइट सेवा से जुड़े हैं। पूर्णिया में एयरपोर्ट का टर्मिनल भवन बनाने का टेंडर जारी हो चुका है।

बिहार विधानसभा के बजट भाषण में उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि सरकार ने राजगीर, भागलपुर के सुल्तानगंज और पूर्वी चंपारण के रक्सौल में तीन नए एयरपोर्ट बनाने का फैसला किया है। इन सभी जगहों पर एयरपोर्ट विकसित किए जाएंगे। साथ ही, छोटे एयरपोर्ट बनाने का भी फैसला लिया गया है।

छोटे हवाई अड्डों के लिए जिन शहरों को चुना गया है, उनमें वाल्मीकिनगर, बीरपुर, मधुबनी, मुंगेर, सहरसा और मुजफ्फरपुर शामिल हैं। हवाई नेटवर्क को बिहार में पूरी तरह से मजबूत बनाने को लेकर सरकार काफी गंभीर है। यह इस बात से भी स्पष्ट होता है कि सरकार ने 2025-26 के बजट में एयरपोर्ट विकसित करने के लिए 11,500 करोड़ खर्च करने का ऐलान किया है।






